पीलिया के कारण, लक्षण और घरेलू उपचार – causes & symptoms of jaundice

पीलिया के कारण, लक्षण और घरेलू उपचार – Causes & Symptoms of Jaundice

  • Lifestyle हिन्दी
  • no comment
  • घरेलू नुस्खे, स्वास्थ्य
  • 164 views
  • गर्मी और बरसात के दिनों में जो रोग सबसे अधिक अपनी चपेट में जकड़ते हैं, उनमे से पीलिया (Piliya) प्रमुख है। हालांकि सर्दियों में भी पीलिया होने की संभावना अकसर बनी रहती है। पीलिया एक ऐसा रोग है जो एक विशेष प्रकार के वायरस और किसी कारणवश शरीर में पित्त की मात्रा बढ़ जाने से होता है। पीलिया होने पर रोगी का लीवर प्रभावित होता है। यदि समय रहते इस रोग का उपचार न किया जाए तो रोगी की मृत्यु भी हो सकती है। इसमें रोगी को पीला पेशाब आता है और उसके नाखून, त्वचा और आखों का सफेद भाग पीला पड़ जाता है। पीलिया होने पर शरीर में बेहद कमजोरी कब्जियत, जी मचलाना, सिरदर्द, भूख न लगना आदि परेशानिया अकसर रहने लगती हैं। पीलिया रोग सूक्ष्म विषाणु के कारण होता है। चिकित्सा की भाषा में पीलिया को वायरल हैपेटाइटिस (Viral Hepatitis) भी कहा जाता हैं। पीलिया रोग अकसर साफ-सफाई या दूषित पानी के कारण होता है।

    पीलिया का इलाज – Piliya Ke Lakshan Aur Upay – Treatment of Jaundice




    पीलिया फैलने के प्रमुख कारण – Piliya Ke Karan

    पीलिया का रोग लीवर को अपनी चपेट में लेता है। सबसे पहले पीलिया पेट और फिर यहां से लीवर में और फिर सारे शरीर में फैल जाता है। पीलिया होने का एक कारण यह है कि पीडि़त रोगी के मल के संपर्क से, दूषित जल, कच्ची सब्जियों आदि से फैल सकता है। शरीर में अम्लता की वृद्धि, बहुत दिनों तक मलेरिया रहना, पित्त नली में पथरी अटकना, ज्यादा शराब आना, अधिक नमक और तीखे पदार्थों का सेवन जैसे कारकों से इस रोग की उत्पत्ति होती है। यह बहुत ही गंभीर बीमारी है जिसका तुरंत निदान आवश्यक है वरना यह घातक भी हो सकता है।

    पीलिया (Piliya) के लक्षण

    मानव शरीर में विषाणु के प्रवेश के लगभग एक महीने बाद इस रोग के लक्षण उजागर होने लगते हैं। पीलया होने पर रोगी को पीला पेशाब आता है और साथ ही उसके नाखून, त्वचा और आखों का सफेद भाग भी पीला पड़ जाता है। लीवर कोशिकाओं के रोग ग्रस्त हो जाने और अमाशय में सूजन आ जाने से रोगी को भूख न लगना, जी मिचलाना, कभी-कभी उल्टी आना और कब्ज की शिकायत भी हो सकती है।

    पीलिया से बचाव के घरेलू उपचार – Piliya Ke Gharelu Upchar

    टमाटर का रस पीएं

    पीलिया होने पर एक गिलास टमाटर (Tomato) के रस में एक चुटकी नमक और काली मिर्च मिलाकर सुबह खाली पेट पीने से पीलिया से आराम मिलेगा।




    मूली (Radish) के पत्ते का रस पीएं

    मूला का सेवन करें। लगभग आधा लीटर मूली की पत्तियों का रस रोजाना पीने से दस दिन के अंदर पीलिया से खत्म हो जाएगा।

    पपीते की पत्ती और पपीता (Papaya) रोज खाएं

    पीलिया होने पर पपीते का सेवन बहुत लाभकारी है। एक चम्मच पपीते की पत्ती के पेस्ट में एक चम्मच शहद मिलाकर दो हफ्तों तक रोज खाएं। इसके इलावा पपीता खाने से भी फर्क पड़ेगा। पपीता एक बेहद फायदेमंद घरेलू नुस्खा है।

    गन्ने का रस (Sugar Cane Juice) बहुत फायदेमंद

    गन्ना, पाचन क्रिया को दुरुस्त और साथ ही लीवर को ठीक करता है। एक गिलास गन्ने के रस में नींबू का रस मिलाकर रोजाना दो-तीन बार पीने से लाभ मिलेगा।

    तुलसी की पत्तियां और गाजर का रस

    तुलसी की पन्द्रह से बीस पत्तियों का पेस्ट बनाकर, गाजर के रस में मिलाकर लें। इस रस को रोजाना, दो से तीन हफ्तों तक पीने से पीलिया रोग में राहत मिलेगी।

    जौ का पानी पीने से राहत

    एक कप जौ लें और उसे तीन लीटर पानी में अच्छी तरह उबाल लें और तीन घंटे तक ढक कर रख लें। इस पानी को दिन में कई बार पीना लाभकारी रहेगा।

    नींबू की शिंकजी (Lemon Juice)

    नींबू लीवर को क्षतिग्रस्त होने से बचाता है। इस लिए एक गिलास पानी में एक नींबू निचोड़ें और थोड़ा सा नमक और 1/२ चीनी डालकर मिक्स करें और दिन में दो-तीन बार लेने से र्फक पड़ेगा।

    बादाम, मक्खन, खजूर, इलायची और चीनी

    बादाम की 8 गिरी, 2 खजूर और 5 इलायची को पानी में रातभर भिगों कर रखें। सुबह सबके छिलके उतारकर, पीसकर, पेस्ट तैयार करें। इसमें थोड़ा सा मक्खन और चीनी मिलकर खाने से आराम मिलेगा।

    छाछ पीएं और केला खाएं

    पीलिया (Piliya) होने पर छाछ बेहद लाभकारी है। दही को मथकर छाछ तैयार करें और इसमें काली मिर्च और भुना जीरा और चुटकीभर नमक मिलाकर पीने से राहत मिलेगी। पके हुए केले को कुचलकर, उसमें शहद मिलायें। इस तरह के केले को दिन में दो बार खाएं। कच्चे केले की सब्जी बनाकर खाना भी फांयदेमंद रहता है।
    पत्तियां बेल की

    बेल की पत्तियों को पीसकर पाउडर बना कर इसे पानी में मिलाकर रोजाना पीएं। पीलिया के उपचार के लिए बेहद प्रभावी उपाय है।

    कैमोमाइल चाय

    कैमोमाइल पीलिया रोग में बेहद लाभकारी होता है। इसकी पत्तियों की चाय बनाकर पीने से पीलिया रोग जल्दी ठीक हो जाता है। इस चाय को पीलिया ठीक होने के बाद भी पीना जारी रख सकते हैं।

    आंवला (Awla) खाने से मिलेगा लाभ

    आंवला विटामिन सी से भरपूर होता है। पीलिया रोग में आंवले का सेवन करने से बेहद लाभ होते है। आंवले के सेवन से लीवर भी मजबूत होता है।

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    Tags: