फूड पॉइजनिंग (food poisoning) से बचने के लिए रखें साफ-सफाई

फूड पॉइजनिंग (Food Poisoning) से बचने के लिए रखें साफ-सफाई

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  • अकसर ज्यादा खाना खाने या बाहर के खाने में अधिक दिलचस्पी लेने से हाजमा खराब हो जाता है। हम स्वाद के चक्कर में जो मिलता है उसे खा लेते हैं। इस कारण हम कई तरह की बीमारियों से ग्रसित हो जाते हैं और फूड पॉइजनिंग (Food Poisoning) तक के शिकार हो सकते हैं। इसका मुख्य कारण है गंदगी। जब भी हम कुछ खाते हैं, अगर वो गंदगी वाले स्थान पर हो या फिर वहा गंदगी हो तो हानिकारक बैक्टीरिया हमारे शरीर के अंदर चले जाते हैं जो हमारे शरीर में संक्रमण फैलाते हैं। इस कारण हमारी तबीयत खराब हो सकती है और उल्टी-दस्त या जी मचलाने जैसी कई बीमारियों का सामना करना पड़ता है। फूड पॉइसनिंग होने का खतरा सबको रहता है लेकिन ज्यादातर बच्चों को होता है। इसका मुख्य कारण बाहर की चीजों जैसे क्रीम केक, सॉस का ज्यादा इस्तेमाल करना है।

    फूड पॉइजनिंग के लक्षण, कारण – Food Poisoning Ke Lakshan – Treatment of Food Poisoning




    फूड पॉइजनिंग के मुख्य लक्षण – Symptoms of Food Poisoning

    फूड पॉइजनिंग हो जाने पर शरीर में कई तरह के लक्षण दिखाई देते हैं जैसे बुखार, बदन-दर्द, झुनझुनी, चेहरे में सूजन, सांस लेने और निगलने में परेशानी, बार-बार उल्टी आना, पेट दर्द होना, सिर दर्द होना, दस्त आना, शरीर में थकान और कमजोरी का अहसास होना आदि।

    फूड पॉइजनिंग के कारण – Causes of Food Poisoning

    फूड पॉइजनिंग का एक बड़ा कारण खाने-पीने की चीजों में सफाई पर ध्यान नहीं देते। जैसे कई बार लापरवाहीवश बासी खाने का सेवन, खाना बनाते समय गंदे पानी का इस्तेमाल, खाने पर मक्खियों का बैठना, सब्जियों और फलों को अच्छे से न धोना, सब्जियां धोने के लिए या फिर खाना पकाने के लिए गंदे पानी का इस्तेमाल करने से अकसर फूड पॉइजनिंग का डर रहता है।



    खुले रास्ते पर बिक रहा सामान भी कारण

    • रास्ते में मौजूद दुकानों की चीजों का सेवन भी इसका एक कारण है। रास्ते पर मौजूद चीजों में धूल और मक्खियां भी खाने को दूषित करती हैं। ऐसे में सफाई का अवश्य ध्यान रखें।
    • घर में मौजूद पानी की टंकी लम्बे समय से धूली न हो, ऐसे में पानी दूषित हो सकता है। इस तरह के पानी का इस्तेमाल करना भी बीमारी का कारण हो सकता है। पेयजल टंकी अवश्य साफ करवाएं।
    • खाना खाने से पहले हाथ साबुन या राख से धोएं। गंदे हाथों से कभी भी खाना न खाएं।

    फूड पॉइजनिंग से बचाव के घरेलू उपाय – Food Poisoning Ke Gharelu Upay

    पानी का सेवन

    जब भी फूड पॉइजनिंग हो तो सबसे पहले शरीर में पानी की कमी न होने पाए। ऐसे में ज्यादा से ज्यादा पानी पीना चाहिए। साथ ही सूप, चावल का पानी, नारियल पानी, खिचड़ी, ग्लूकोज (Glucose) आदि लेते रहना चाहिए।

    अदरक (Ginger) का सेवन लाभकारी

    अदरक पाचन संबंधी समस्याओं के लिए भी एक घरेलू उपाय है। एक चम्मच शहद में अदरक के रस की कुछ बूंदे मिलाकर लेने से पेट का दर्द ठीक हो जाता है।

    पेट की सूजन घटाए जीरा

    एक चम्मच भुने जीरे को पीसकर सूप में मिलाकर लेने से पेट की सूजन और दर्द कम हो जाता है। फूड पॉइजनिंग होने पर जीरा बहुत ही फायदेमंद होता है।

    तुलसी के पत्ते रामबाण

    तुलसी बहुत ही शानदार उपाय है। फूड पॉइजनिंग होने पर तुलसी के पत्तों के रस में एक चम्मच शहद मिलाकर खाने से फायदा मिलाता है।

    फलों का सेवन

    जब किसी को फूड पॉइजनिंग हो जाए तो उसे केले का सेवन करना चाहिए। दरअसल, केले में ऑक्सीडेंट मौजूद होता है जो लिवर में ठंडक बनाए रखने में मददगार होता है। केले में पोटेशियम की अधिक मात्रा होती है, इसलिए जब भी हमें फूड पॉइजनिंग हो तो केले का सेवन करना चाहिए। केले को दही में मैश करके खाने से दस्त से छुटकारा मिल जाता है। इसके अलावा सेब में भी यही गुण होते हैं। यदि फूड पॉइजनिंग (Food Poisoning) हो गया है तो सेब और केले को अच्छी तरह मैश कर ले, फिर इस मिश्रण को दिन में तीन से चार बार लेने से राहत मिलती है।

    उबला पानी ही पीएं

    केवल उबला हुआ पानी पीएं। उबला हुआ पानी पीने से पेट के कीटाणु मर जाते हैं और पेट ठीक रहता है।

    नींबू पानी से मिलेगा आराम

    एक गिलास पानी में नींबू का रस, नमक और चीनी मिलाकर पीने से आराम मिलता है।

    दही का सेवन

    दही में एंटी बैक्टीरिया गुण पाए जाते हैं, जो हमारे लीवर में होने वाले संक्रमण को रोकते हैं, फूड पॉइजनिंग वाले मरीज को खाली पेट या खाने के तुरंत बाद दही देना चाहिए।

    लहसुन (Garlic) भी एक औषधि

    एक लहसुन कि कली को पानी के साथ ले। या लहसुन का जूस बना कर भी पी सकते है।

    लहसुन के तेल को सोयाबीन के तेल के साथ बराबर मात्रा में मिलाकर खाना खाने के बाद पेट पर मलें। दर्द में आराम मिलता है।

    खिचड़ी हाजमें के लिए बेहतर

    फूड पॉइजनिंग वाले मरीज को खिचड़ी देनी चाहिए, क्योंकि यह हल्की होने के कारण आसानी से पच जाती है।

    बचने के उपाय

    • खाद्य पदार्थों को अच्छी तरह पकाना चाहिए। जितना हो सके बाहर के खाने से बचें और घर पर पका हुआ ही खाना खाएं।
    • सलाद, साग, कच्ची सब्जियों और फलों आदि को अच्छी तरह से धोना चाहिए।
    • हमेशा साफ पानी का उपयोग करें, पानी को छान कर भरें और उबालकर पीएं।
    • किसी भी चीज को फ्रिज में रखने से पहले, कंटेनर में डालकर अच्छी तरह डिब्बा बंद करें।
    • स्वच्छता के नियमों का पालन करें। बच्चों को भी खाना खाने से पहले हाथ धोने की आदत डालें।

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